स्थानीय लोगों का आरोप है कि आग लगने के बाद दमकल की एक गाड़ी मौके पर पहुंची, लेकिन आग पर सही तरीके से काबू नहीं पाया जा सका। इसके बाद दमकल की एक और गाड़ी घटनास्थल पर पहुंची और आग बुझाने का काम शुरू किया। स्थानीय लोगों का दावा है कि दमकल की टीम समय पर और प्रभावी तरीके से आग पर काबू पाने में जुट जाती तो नुकसान को काफी हद तक कम किया जा सकता था।
वहीं, इतनी बड़ी कंस्ट्रक्शन कंपनी के गोदाम में पर्याप्त अग्निशमन व्यवस्था और फायर सेफ्टी सिस्टम नहीं होने को लेकर भी स्थानीय लोगों ने सवाल उठाए हैं। उनका आरोप है कि यदि गोदाम में उचित अग्निशमन व्यवस्था होती तो आग इतनी भयावह नहीं होती।
आग की लपटें और धुएं का गुबार इतना ज्यादा था कि घटनास्थल से कई किलोमीटर दूर तक काला धुआं दिखाई दे रहा था। आसपास बड़ी संख्या में घर होने के कारण लोगों में दहशत और बढ़ गई।
स्थिति को नियंत्रित करने और उत्तेजित भीड़ को शांत करने के लिए एनजेपी थाने से भारी संख्या में पुलिस बल मौके पर पहुंचा। हालांकि, आग लगने के सही कारण और घटना में हुए नुकसान की अभी पता नहीं चल पाया है।





