हवाई अड्डे के निदेशक ने बताया कि अभियान के दौरान यात्रियों की शिकायतों, प्रतिक्रियाओं और सुझावों को समझने के साथ टर्मिनल, शौचालयों और अन्य क्षेत्रों में साफ-सफाई एवं रखरखाव पर विशेष ध्यान दिया गया। दिव्यांगजनों, वरिष्ठ नागरिकों, महिलाओं और बच्चों के लिए उपलब्ध सुविधाओं की भी समीक्षा की गई।
इसके अलावा कर्मचारियों को बेहतर व्यवहार और यात्री-केंद्रित सेवा के प्रति जागरूक किया गया। सुरक्षा, चिकित्सा सुविधाओं और आपातकालीन व्यवस्था का भी आकलन किया गया।
अभियान के तहत उत्तर बंगाल की संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए 17 और 27 सितंबर को लोक नृत्य कार्यक्रम तथा 30 सितंबर को कला एवं शिल्प प्रदर्शनी आयोजित की गई। हवाई अड्डा प्रबंधन ने बताया कि यात्रियों से मिले सुझावों के आधार पर भविष्य में भी सुविधाओं और सेवाओं में सुधार जारी रखा जाएगा।





