सिलीगुड़ी, 04 अगस्त (नि.सं.)। उत्तर बंगाल के चाय उद्योग के आधुनिकीकरण, बंद एवं रुग्ण चाय बागानों के पुनर्जीवन, श्रमिकों के अधिकारों की सुरक्षा और परिवहन व्यवस्था में सुधार को लेकर राज्य के श्रम एवं परिवहन मंत्री अर्जुन सिंह ने कई महत्वपूर्ण घोषणाएं की है।
मंगलवार को सिलीगुड़ी के दागापुर स्थित श्रमिक भवन में मंत्री अर्जुन सिंह ने प्रशासनिक अधिकारियों के साथ बैठक की। इसके बाद उन्होंने सिलीगुड़ी स्टेट गेस्ट हाउस में श्रम और परिवहन विभाग के अधिकारियों के साथ अलग-अलग समीक्षा बैठक भी की।
बैठक के बाद पत्रकारों से बातचीत में मंत्री ने चाय बागान श्रमिकों के बकाया वेतन, पीएफ और ग्रेच्युटी की रकम में गड़बड़ी को लेकर सरकार की ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति को दोहराया। उन्होंने कहा कि श्रमिकों के हक का पैसा रोकने या हड़पने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी और किसी तरह की ढिलाई नहीं बरती जाएगी।
मंत्री ने बताया कि पहाड़ और डुआर्स क्षेत्र में करीब 34 बंद और रुग्ण चाय बागानों को जल्द शुरू करने की दिशा में सरकार काम कर रही है। उन्होंने मंगपु के सिंकोना और हॉर्टिकल्चर उद्यान के दौरे के अनुभव भी साझा किए।
परिवहन विभाग को लेकर उन्होंने घोषणा की कि राज्य के प्रत्येक जिले में वाणिज्यिक वाहनों के लिए आधुनिक फिटनेस सेंटर स्थापित किए जाएंगे।
महिलाओं के लिए मुफ्त बस सेवा को लेकर उन्होंने ‘पिंक कार्ड’ योजना शुरू करने की बात कही, ताकि वास्तविक लाभार्थियों तक सुविधा पहुंच सके।
स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में भी महत्वपूर्ण घोषणा करते हुए मंत्री ने कहा कि राज्य के 13 ईएसआई अस्पतालों को केंद्र-राज्य के संयुक्त प्रयास से आधुनिक बनाया जाएगा। साथ ही चरणबद्ध तरीके से मेडिकल कॉलेज स्थापित करने की योजना भी है।
इसके अलावा, उन्होंने अवैध वसूली (तोलाबाजी) को लेकर पार्टी कार्यकर्ताओं को सख्त चेतावनी दी और कहा कि इस तरह के मामलों में दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करते हुए उन्हें तत्काल पार्टी से बाहर किया जाएगा।
