सिलीगुड़ी,17 जून (नि.सं.)। शहर के 46 नंबर वार्ड अंतर्गत पोकाईजोत इलाके में पड़ोसियों के बीच लंबे समय से चल रहे विवाद के बीच आज सिलीगुड़ी नगर निगम ने अवैध निर्माण के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की। हाईकोर्ट के निर्देश पर निगम की टीम ने बिना स्वीकृत नक्शे के बने दो मंजिला मकान के अवैध हिस्से को ध्वस्त कर दिया।
जानकारी के अनुसार, दो पड़ोसियों के बीच लंबे समय से विवाद चल रहा था, जो पुलिस तक भी पहुंच चुका था। इसी विवाद के चलते एक पड़ोसी ने दूसरे के घर में अवैध निर्माण की शिकायत दर्ज कराई थी। मामला हाईकोर्ट तक पहुंचा, जहां जांच के बाद अवैध निर्माण पाए जाने पर कोर्ट ने उसे तोड़ने का निर्देश दिया।
इसी निर्देश के तहत आज सुबह नगर निगम की टीम पोकाईजोत इलाके में पहुंची और कार्रवाई शुरू करने का प्रयास किया। हालांकि, शुरुआत में टीम को स्थानीय स्तर पर विरोध का सामना करना पड़ा। स्थिति तनावपूर्ण हो गई और कुछ समय तक हंगामा भी चला। बाद में भारी संख्या में पुलिस बल मौके पर पहुंचा और हालात को नियंत्रित किया। इसके बाद निगम ने अवैध हिस्से पर बुलडोजर चलाकर उसे ध्वस्त कर दिया। नगर निगम अधिकारियों ने बताया कि यह मामला लंबे समय से लंबित था और हाईकोर्ट के आदेश के अनुसार ही कार्रवाई की गई है।
वहीं, जिस परिवार के मकान पर कार्रवाई हुई, उनका आरोप है कि पड़ोसी ने उनसे 15 लाख रुपये की मांग की थी और पैसे न देने पर ही यह शिकायत की गई। उनका कहना है कि उन्होंने बिल्डिंग प्लान के लिए आवेदन किया था, लेकिन स्वीकृति नहीं मिल पाई थी।
दूसरी ओर, शिकायतकर्ता पड़ोसी ने पैसों की मांग के आरोपों को पूरी तरह से खारिज किया है। उनका कहना है कि अवैध निर्माण के खिलाफ उन्होंने नियमों के तहत शिकायत की थी, जिसके बाद कोर्ट के निर्देश पर यह कार्रवाई की गई।
