सिलीगुड़ी, 4 जुलाई (नि.सं.)। बेटे के हत्या के मामले में आरोपियों की अभी तक गिरफ्तारी नहीं हुई है। मां ने इंसाफ की मांग की है। सिलीगुड़ी के चंपासारी इलाके के ढाकनिकाटा नोतून बस्ती की निवासी कल्पना चौधरी ने आरोप लगाया है कि वर्ष 2014 में उनके बेटे दिलीप चौधरी इलाके में एक विवाद को शांत कराने की कोशिश कर रहा था। तभी कुछ बदमाशों ने धारदार हथियार से हमला कर उसके बेटे की हत्या कर दिया था।
उन्होंने बताया कि घटना के बाद उन्होंने थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। इस मामले में प्रदीप देवनाथ, स्वपन मोहंता, बिल्ला, निर्जन साहा, जीवन साहा, दिलीप बर्मन, बापी राय और दीपक के खिलाफ आरोप दर्ज किए गए थे। लेकिन इतना समय बीत जाने के बाद भी उन्हें अपने बेटे के हत्याकांड में न्याय नहीं मिल पाया है।
कल्पना चौधरी का यह भी आरोप है कि घटना के समय पूर्व पार्षद दिलीप बर्मन ने आरोपियों को संरक्षण दिया था। साथ ही उन्होंने दावा किया कि बाद में सिलीगुड़ी के प्रधाननगर थाने में उनके खिलाफ एक झूठा मामला दर्ज किया गया। उन्होंने बताया कि 25 जून 2026 को उन्हें उस मामले में जमानत मिली है। आर्थिक रूप से कमजोर होने के कारण उनके लिए वकील की फीस देना भी बेहद कठिन हो गया है।
इसके अलावा उन्होंने आरोप लगाया कि जब भी वह अपने बेटे के हत्या मामले की सुनवाई के लिए अदालत जाती हैं, उन्हें धमकियों का सामना करना पड़ता है। उनका यह भी कहना है कि उनका वकील इस मामले को सही तरीके से नहीं लड़ रहा है। जिसके कारण न्याय प्रक्रिया में लगातार देरी हो रही है।
